नई दिल्ली (एजुकेशन डेस्क): विश्वविद्यालय अनुदान आयोग की राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा यानी यूजीसी नेट दिसंबर 2026 सत्र (UGC NET December 2026) की तैयारी कर रहे लाखों उम्मीदवारों के लिए नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने बहुत बड़ी राहत भरी खबर जारी की है। देश भर के विश्वविद्यालयों और डिग्री कॉलेजों में असिस्टेंट प्रोफेसर की पात्रता और जूनियर रिसर्च फेलोशिप (JRF) के लिए आयोजित होने वाली इस प्रतिष्ठित परीक्षा के ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि को आगे बढ़ा दिया गया है। एनटीए द्वारा जारी ताजा सार्वजनिक नोटिस के अनुसार, अब उम्मीदवार बिना किसी विलंब शुल्क के 31 अक्टूबर 2026 (रात 11:50 बजे तक) अपना ऑनलाइन आवेदन फॉर्म और परीक्षा शुल्क जमा कर सकते हैं। भारी सर्वर लोड और कई राज्यों में त्योहारी अवकाश के चलते उम्मीदवारों की लगातार आ रही मांग को देखते हुए परीक्षा एजेंसी ने यह अहम फैसला लिया है।
एनटीए द्वारा जारी संशोधित तिथियों का पूरा विवरण
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी ने अपने आधिकारिक पोर्टल ugcnet.nta.ac.in पर संशोधित कार्यक्रम प्रकाशित किया है। जो उम्मीदवार किसी कारणवश अब तक अपना फॉर्म नहीं भर सके थे, वे नीचे दी गई नई समय-सीमा को ध्यानपूर्वक नोट कर लें:
1. ऑनलाइन आवेदन जमा करने की नई अंतिम तिथि: 31 अक्टूबर 2026 (रात 11:50 बजे तक)।
2. परीक्षा शुल्क के सफल ऑनलाइन भुगतान की अंतिम तिथि: 31 अक्टूबर 2026 (रात 11:50 बजे तक नेट बैंकिंग, यूपीआई, डेबिट या क्रेडिट कार्ड के जरिए)।
3. आवेदन सुधार विंडो (Application Correction Window): 2 नवंबर से 4 नवंबर 2026 (रात 11:50 बजे तक)। इस दौरान उम्मीदवार अपनी फोटो, हस्ताक्षर, परीक्षा शहर विकल्प और शैक्षणिक विवरण में जरूरी संशोधन कर सकेंगे।
4. परीक्षा सिटी इंटिमेशन स्लिप (Exam City Slip): दिसंबर 2026 के प्रथम सप्ताह में जारी की जाएगी।
5. परीक्षा की निर्धारित तिथियां: 14 दिसंबर से 19 दिसंबर 2026 तक देश भर के विभिन्न शहरों में कम्प्यूटर आधारित टेस्ट (CBT) मोड में परीक्षा आयोजित की जाएगी।

पात्रता मानदंड (Eligibility Criteria) और आयु सीमा में छूट
यूजीसी नेट परीक्षा में शामिल होने के लिए उम्मीदवारों के पास यूजीसी द्वारा मान्यता प्राप्त किसी भी विश्वविद्यालय या संस्थान से संबंधित विषय में न्यूनतम 55% अंकों के साथ स्नातकोत्तर (Master’s Degree) या इसके समकक्ष योग्यता होनी चाहिए। अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC-NCL), अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST) और दिव्यांग (PwD) वर्ग के उम्मीदवारों के लिए न्यूनतम अंकों की अर्हता 50% निर्धारित है।
जो छात्र वर्तमान में अपनी मास्टर डिग्री के अंतिम वर्ष या अंतिम सेमेस्टर में अध्ययनरत हैं और अपने परिणाम की प्रतीक्षा कर रहे हैं, वे भी प्रोविजनल आधार पर इस परीक्षा के लिए आवेदन करने के पूरी तरह पात्र हैं।
आयु सीमा के नियम:
जूनियर रिसर्च फेलोशिप (JRF): जेआरएफ के लिए सामान्य श्रेणी के उम्मीदवारों की अधिकतम आयु परीक्षा के महीने के पहले दिन यानी 1 दिसंबर 2026 को 30 वर्ष से अधिक नहीं होनी चाहिए। महिला उम्मीदवारों, ओबीसी-एनसीएल, एससी, एसटी और थर्ड जेंडर के अभ्यर्थियों को सरकारी नियमानुसार अधिकतम आयु सीमा में 5 वर्ष की विशेष छूट प्रदान की गई है।
असिस्टेंट प्रोफेसर (Assistant Professor): केवल असिस्टेंट प्रोफेसर पद की पात्रता के लिए आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों के लिए कोई ऊपरी आयु सीमा नहीं है। किसी भी आयु वर्ग के योग्य अभ्यर्थी इसके लिए आवेदन कर सकते हैं।
यूजीसी नेट 2026 परीक्षा पैटर्न और मार्किंग स्कीम
यूजीसी नेट दिसंबर 2026 की परीक्षा पूरी तरह से कम्प्यूटर आधारित टेस्ट (CBT) मोड में आयोजित की जाएगी। पूरी परीक्षा बिना किसी अंतराल (Break) के कुल 3 घंटे (180 मिनट) की अवधि में संपन्न होगी:
पेपर 1 (सामान्य पेपर – शिक्षण एवं शोध अभिक्षमता): इसमें कुल 50 वस्तुनिष्ठ प्रकार के बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQs) पूछे जाते हैं, जिनमें प्रत्येक प्रश्न 2 अंक का होता है (कुल 100 अंक)। इसमें शिक्षण कौशल, शोध योग्यता, कॉम्प्रिहेंशन, गणितीय तर्क, डाटा इंटरप्रिटेशन, सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी (ICT) और पर्यावरण से संबंधित सवाल शामिल होते हैं।
पेपर 2 (विषय-विशिष्ट पेपर): इसमें अभ्यर्थी द्वारा चुने गए मुख्य विषय (जैसे हिंदी, इतिहास, राजनीति विज्ञान, वाणिज्य, समाजशास्त्र आदि) से कुल 100 प्रश्न पूछे जाते हैं, जो कुल 200 अंकों के होते हैं।
नेगेटिव मार्किंग: यूजीसी नेट परीक्षा में सबसे बड़ी राहत की बात यह है कि इसमें कोई नेगेटिव मार्किंग नहीं होती है। प्रत्येक सही उत्तर के लिए 2 अंक दिए जाते हैं और गलत या अनुत्तरित प्रश्नों के लिए कोई अंक नहीं काटा जाता। इसलिए अभ्यर्थियों को सलाह दी जाती है कि वे सभी प्रश्नों को हल करने का प्रयास करें।
ऑनलाइन आवेदन कैसे करें: स्टेप-बाय-स्टेप गाइड
एनटीए के नए पोर्टल पर फॉर्म भरते समय किसी भी तकनीकी त्रुटि से बचने के लिए इन आसान चरणों का पालन करें:
1. आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं: सबसे पहले ugcnet.nta.ac.in पर विजिट करें और होमपेज पर दिए गए ‘UGC NET December 2026 Registration’ लिंक पर क्लिक करें।
2. नया पंजीकरण (New Registration): अपना आधार नंबर, डिजिलॉकर आईडी या पासपोर्ट विवरण दर्ज करके बुनियादी पंजीकरण पूरा करें और सिस्टम जनरेटेड एप्लीकेशन नंबर व पासवर्ड प्राप्त करें।
3. व्यक्तिगत और शैक्षणिक विवरण भरें: अपना नाम, माता-पिता का नाम, स्थायी पता, श्रेणी और मास्टर डिग्री के प्राप्तांक ध्यानपूर्वक दर्ज करें।
4. दस्तावेज अपलोड करें: हाल ही में खिंचवाई गई पासपोर्ट साइज फोटो (10 से 200 KB) और हस्ताक्षर की स्पष्ट स्कैन कॉपी (4 से 30 KB) जेपीजी फॉर्मेट में अपलोड करें।
5. परीक्षा शुल्क का भुगतान और कन्फर्मेशन पेज: अपनी श्रेणी के अनुसार निर्धारित आवेदन शुल्क का ऑनलाइन भुगतान करें और भुगतान सफल होते ही ‘Confirmation Page’ डाउनलोड करके उसका प्रिंटआउट सुरक्षित रख लें।
उम्मीदवारों के लिए जरूरी सलाह
एनटीए ने साफ किया है कि 31 अक्टूबर की अंतिम समय-सीमा के बाद किसी भी परिस्थिति में कोई अतिरिक्त मोहलत नहीं दी जाएगी। चूंकि अंतिम घंटों में सर्वर पर लाखों अभ्यर्थियों का ट्रैफिक एक साथ आने से पेमेंट गेटवे फेल होने का जोखिम रहता है, इसलिए सभी उम्मीदवारों को समय रहते अपना फॉर्म पूरा कर लेना चाहिए। उच्च शिक्षा, प्रवेश परीक्षाओं और सरकारी शिक्षक भर्तियों की प्रमाणित जानकारी के लिए हमारे एजुकेशन पोर्टल से लगातार अपडेट रहें।
पेपर-1 में 80+ अंक लाने की सटीक रणनीति
यूजीसी नेट परीक्षा में जेआरएफ (JRF) हासिल करने के लिए पेपर-1 का स्कोर निर्णायक साबित होता है। 100 अंकों के इस पेपर में यदि आप 80 से अधिक अंक प्राप्त कर लेते हैं, तो आपका जेआरएफ क्वालिफाई करना लगभग तय हो जाता है। इस पेपर में उच्च अंक प्राप्त करने के लिए निम्नलिखित रणनीति अपनाएं:
1. शिक्षण एवं शोध अभिक्षमता (Teaching & Research Aptitude): इन दोनों यूनिट्स से 10 प्रश्न पूछे जाते हैं। प्रत्यक्ष ज्ञान के बजाय व्यावहारिक और एप्लीकेशन-बेस्ड प्रश्नों पर अधिक ध्यान दें। क्रियात्मक अनुसंधान (Action Research), शोध नैतिकता (Research Ethics) और शिक्षण के स्तर (Levels of Teaching) से जुड़े प्रश्नों का पिछले 5 वर्षों के पेपर्स से अभ्यास करें।
2. डेटा इंटरप्रिटेशन (DI) और गणितीय तर्क: यह खंड पूरी तरह स्कोरिंग है। रोजाना एक टेबल चार्ट या बार ग्राफ हल करने की आदत डालें। प्रतिशत, औसत और अनुपात के बुनियादी नियमों को स्पष्ट रखें।
3. उच्च शिक्षा प्रणाली और पर्यावरण: नई शिक्षा नीति (NEP 2020), प्राचीन भारतीय विश्वविद्यालय (तक्षशिला, नालंदा), क्योटो प्रोटोकॉल, पेरिस समझौता और सतत विकास लक्ष्य (SDGs) से जुड़े करेंट अफेयर्स को अच्छी तरह तैयार करें।
सब्जेक्ट-वाइज कटऑफ का रुझान और जेआरएफ का महत्व
पिछले कुछ सत्रों के विश्लेषण से पता चलता है कि सामान्य श्रेणी के लिए जेआरएफ की कटऑफ विभिन्न विषयों में 98 से 99.7 परसेंटाइल के बीच रहती है, जबकि असिस्टेंट प्रोफेसर की पात्रता लगभग 90 से 95 परसेंटाइल पर मिल जाती है। आरक्षित वर्गों (ओबीसी, ईडब्ल्यूएस, एससी, एसटी) के लिए कटऑफ में 5 से 10 प्रतिशत तक की छूट रहती है।
जेआरएफ स्कॉलरशिप का लाभ: यूजीसी नेट में जेआरएफ क्वालिफाई करने वाले शोधार्थियों को किसी भी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से पीएचडी करने के दौरान पहले दो वर्षों (JRF) के लिए लगभग ₹37,000 प्रति माह और अगले तीन वर्षों (SRF) के लिए ₹42,000 प्रति माह की फेलोशिप दी जाती है। इसके अलावा वार्षिक कंटीजेंसी ग्रांट और मकान किराया भत्ता (HRA) अलग से मिलता है। इसलिए यह परीक्षा केवल एक पात्रता नहीं बल्कि शोधार्थियों के लिए आर्थिक आत्मनिर्भरता का मजबूत साधन है।
परीक्षा हॉल में टाइम मैनेजमेंट और सीबीटी का अभ्यास
कम्प्यूटर आधारित टेस्ट (CBT) में कई छात्र समय प्रबंधन न कर पाने के कारण आते हुए प्रश्न भी छोड़ देते हैं। 3 घंटे के इस पेपर में पेपर-1 को अधिकतम 50 से 55 मिनट का समय दें और बाकी बचे 2 घंटे 5 मिनट पूरी तरह पेपर-2 के 100 कठिन प्रश्नों के लिए सुरक्षित रखें। परीक्षा से पहले एनटीए की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध ‘मॉक टेस्ट’ का कम से कम 4 से 5 बार अभ्यास जरूर करें ताकि कंप्यूटर स्क्रीन पर प्रश्नों को स्क्रॉल करने, मार्क फॉर रिव्यू करने और सेव करने में कोई हिचकिचाहट न रहे।
